दिल्ली: विद्या वाहिनी योजना में साइकिल खरीद पर घोटाले के आरोप, भाजपा ने खारिज किया

दिल्ली राजनीति

ब्यूरो रिपोर्ट नई दिल्ली|Dilli Times Media

नई दिल्ली, 3 अगस्त 2026: दिल्ली सरकार की विद्या वाहिनी योजना के तहत कक्षा 9 की लड़कियों को मुफ्त साइकिलें खरीदने की प्रक्रिया पर आम आदमी पार्टी (AAP) ने रविवार को गंभीर अनियमितताओं के आरोप लगाए हैं। पार्टी का आरोप है कि करीब 1.30 लाख साइकिलें बाजार मूल्य से काफी अधिक दर पर खरीदी गईं और टेंडर की शर्तें जानबूझकर किसी खास कंपनी के पक्ष में बनाई गईं। वहीं भाजपा शासित दिल्ली सरकार ने इन आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए खारिज कर दिया है।
AAP दिल्ली इकाई के अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में दावा किया कि योजना के लिए जारी टेंडर में बताई गई स्पेसिफिकेशन वाली साइकिल (माउंटेन टेर्रेन बाइक) बाजार में लगभग ₹4,100 में उपलब्ध है। कई कंपनियों, जिनमें SK Bikes शामिल है, ने यही कीमत अन्य भाजपा शासित राज्यों में आपूर्ति करते हुए बताई है। इसके बावजूद दिल्ली सरकार ने इन साइकिलों को ₹6,923 से ₹6,957 प्रति साइकिल की दर से खरीदा। इस अंतर से कुल मिलाकर करोड़ों रुपये के नुकसान का आरोप लगाया गया है।
भारद्वाज ने कहा कि टेंडर की शर्तें सेंट्रल विजिलेंस कमीशन (CVC) के दिशानिर्देशों के विपरीत थीं। कंपनियों के लिए सालाना टर्नओवर की शर्त ₹360 करोड़ रखी गई, जबकि टेंडर का अनुमानित मूल्य लगभग ₹90 करोड़ है। सामान्य प्रक्रिया के अनुसार यह सीमा ₹150-180 करोड़ के आसपास होनी चाहिए थी। उन्होंने राजस्थान और छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों के उदाहरण देते हुए कहा कि वहां कहीं अधिक साइकिलों के टेंडर में टर्नओवर की शर्तें कहीं कम थीं। इसके अलावा प्री-बिड मीटिंग नहीं रखी गई और शिकायतकर्ता कंपनियों के पत्रों पर कोई ध्यान नहीं दिया गया।
उन्होंने बताया कि SK Bikes और अन्य कंपनियों ने लेफ्टिनेंट गवर्नर, मुख्यमंत्री और विजिलेंस विभाग को लिखित शिकायतें दी हैं, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
सरकार की ओर से भाजपा विधायक और प्रवक्ता हरीश खुराना ने आरोपों को पूरी तरह खारिज करते हुए कहा कि ये एक प्राइवेट कंपनी की शिकायत पर आधारित हैं। उन्होंने कहा कि बाजार में साइकिलों के मॉडल और फीचर्स अलग-अलग होते हैं, इसलिए कीमतें ₹4,000 से ₹50,000 तक हो सकती हैं। खरीद प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से पूरी की गई है। खुराना ने आरोप लगाया कि AAP पंजाब में कथित स्कूल बैग खरीद और परीक्षा पेपर लीक जैसे मामलों से ध्यान हटाने की कोशिश कर रही है।
विद्या वाहिनी योजना का शुभारंभ जुलाई 2026 के अंत में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने किया था। योजना के तहत सरकारी स्कूलों की कक्षा 9 की करीब 1.30 लाख छात्राओं को मुफ्त साइकिलें दी जानी हैं। बजट में इसके लिए लगभग ₹90 करोड़ का प्रावधान किया गया था। अब तक कुछ हजार साइकिलें वितरित की जा चुकी हैं।
यह मामला फिलहाल आरोप-प्रत्यारोप के स्तर पर है। कंपनियों की शिकायतें संबंधित अधिकारियों के पास विचाराधीन हैं। आगे की जांच और आधिकारिक कार्रवाई पर ही पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

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